चित्त को बंधनमुक्त करें Mind Bondage Free
चित्त को बंधनमुक्त करें Mind Bondage Free मनुष्य के मन पर शब्दों का बोझ है। यही बोझ उसकी मानसिक गुलामी का कारण भी है। जब तक यह दीवार टूट नहीं जाती, तब तक न सत्य जाना जा सकता है, न आनंद, न आत्मा। जीवन की असली खोज सत्य की खोज…

